नन्हे बच्चों की बुद्धि विकास के लिए बसंत पंचमी के दिन करें ये 4 काम, होगी माता सरस्वती की कृपा

बसंत पंचमी के दिन माता सरस्वती की पूजा अर्चना की जाती है। माता सरस्वती की पूजा अर्चना बुद्धि के विकास के लिए किया जाता है। इस दिन माता सरस्वती की पूजा अर्चना करने से न सिर्फ आापकी बुद्धि का विकास होता है, बल्कि आपके परिवार में सुख शांति का माहौल बना रहता है। इतना ही नहीं, अगर आपके घर में किसी बेबी का जन्म हाल ही में हुआ है तो बसंत पंचमी का दिन आपके लिए बहुत ही शुभ होता है। इस दिन अगर आप अपने नन्हे मेहमान को अन्न चटाएंगी तो आपका नन्हा मेहमान बहुत ही ज्यादा बुद्धिमान बनेगा। तो चलिए जानते हैं कि हमारे इस लेख में आपके लिए क्या खास है?

बसंत पंचमी के दिन छह माह तक के बच्चे को पहली बार अन्न चटाया जाता है, जिसे प्राशन संस्कार यानि बच्चे को पहली बार अन्न खिलाना कहा जाता है। अगर आप भी अपने छोटे से बच्चे को पहली बार अन्न खिलाने के बारे में सोच रहे हैं और वह छह महीने का हो चुका है तो आपके लिए बसंत पंचमी का दिन बेहद शुभ है। इस बार बसंत पंचमी 10 फरवरी को है। ऐसे मेंं अब आपको यह जानना ज़रूरी है कि आप अपने नन्हे बेबी का बौद्धिक विकास कैसे कर सकते हैं।

चांदी के चम्मच से खीर खिलाएं

यदि आपका बेबी अभी दूध पी रहा  है और वह छह महीने का हो चुका है तो बसंत पंचमी के दिन उसे नये कपड़े पहनाकर चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर उसे बिठा दें। इसके बाद बच्चे माता सरस्वती की पूजा अर्चना करें और फिर बच्चे को चांदी के चम्मच से खीर खिलाएं। ऐसा करने से बच्चे का बौद्धिक विकास बहुत ही तेज़ी से होगा और आगे चलकर वह एक बुद्धिमान व्यक्ति बनेगा। इसके अलावा खीर से ही बच्चे के जीभ पर श्री या ॐ लिखें, ऐसा करने से वह काफी बुद्धिमान होगा।

बच्चे की जीभ पर शहद से ये लिखें

सरस्वती पूजा के दिन बच्चे को माता पिता गोद में लेकर उसके जीभ पर अनार या चांदी के कलम को शहद में डुबोकर ॐ या श्री लिखें। इसके बाद बच्चे को गोद में लेकर माता सरस्वती की पूजा अर्चना करें। ऐसा करने से आपके बच्चे को कभी भी बौद्धिक समस्या नहीं होगी और उसका मन पढ़ाई लिखाई में ज्यादा लगेगा और आगे चलकर आपका नाम रौशन करेगा।

चाक की पूजा करवाएं

अपने बच्चे से सरस्वती पूजा के दिन चाक और काले रंग की पट्टी का पूजा करवाएं। इसके लिए आप अपने नन्हे से बेबी को गोदी में ले ले और उसके हाथ को चाक और काले रंग की पट्टी को छुआएं और फिर माता सरस्वती को चढ़ाएं। ऐसा करने से आपका बच्चा पढ़ने लिखने मेंं सबसे आगे रहेगा और हमेशा पढ़ाई में आपका नाम रौशन करेगा और आगे चलकर बड़े पद पर आसीन होगा।

ब्रह्माण को वेदशास्त्र दान करवाएं

सरस्वती पूजा के दिन अपने बच्चे से किसी ब्रह्माण को वेदशास्त्र दान कराएं। इसके लिए जब भी आप ब्राह्मण को दान करें, उसे पहले अपने बच्चे से छूआएं। इसके अलावा इस दिन आप अपने बेबी को गोद में लेकर सरस्वती मंत्र – श्री सरस्वत्यै स्वाहा से देवी का पूजन करे। ऐसा करने से आपका बच्चा उच्च शिक्षा में सफल होगा और वह कोई बड़ा अधिकारी बनेगा।