चना के औषधीय गुण: रोज़ खाएं मुट्ठी भर अंकुरित चने और फिर देखें कमाल

चना के औषधीय गुण: कहते हैं एक अच्छे और स्वस्थ शरीर के लिए अच्छी डाइट होना बेहद आवश्यक है. लेकिन आज के समय में बाजारी मसाले एवं मिलावटों ने लोगों के शरीर को जड़ से कमजोर बना दिया है. मिलावटों के इस दौर में भोजन ग्रहण करने से पोषक तत्व शरीर को नहीं मिल पा रहे जिसके कारण हर दो में से एक व्यक्ति बीमार रहता है. आयुर्वेद में चने को स्वास्थवर्धक बताया गया है. चनों के सेवन से कईं तरह के रोग जड़ से मिट जाते हैं. आज हम आपको चना के औषधीय गुण बताने जा रहे हैं, जो आपको हैरत में डाल देंगे. आपको बता दें कि चने दो तरह के होते हैं एक तो काले चने और दूसरा सफ़ेद चने. इनमे से काले चने सबसे अधिक उपयोगी हैं.

दरअसल चनों में भरपूर मात्रा में प्रतिन, नमी, कार्बोहाइड्रेट, आयरन, कैल्शियम और विटामिन पाए जाते हैं जो हमारे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ा देते हैं. चने हमारे लिए तभी फायदेमंद हैं, यदि इन्हें अंकुरित(Sprouted) करके खाया जाए. चने बाज़ार में मिलने वाली बाकि दालों से कईं गुना सस्ते एवं फायदेमंद होते हैं.

चना के औषधीय गुण

पथरी की समस्या

चना के औषधीय गुण

आज के समय में पथरी की समस्या होना आम बात हो गयी है. इसका एक कारण दूषित पानी का सेवन भी हो सकता है. लेकिन आपको बता दें कि चने के सेवन से आप पथरी के रोग से छुटकारा हासिल कर सकते हैं इसके लिए आप रात में कुछ चने पानी में भिगो कर रख दें और सुबह उनमे थोडा शहद मिला कर खा लें. नियमित रूप से चना खाने से पत्थरी गल कर आसानी से ख़त्म हो जाती है. इसके इलावा आप इस बीमारी में आटे और चने के सत्तू को मिला कर रोटी बना कर खा सकते हैं.

पुरुषों की कमजोरी से छुटकारा

चना के औषधीय गुण

आज के समय में स्ट्रेस यानि तनाव एक ऐसी समस्या है, जो लगभग हर किसी को अपनी चपेट में ले चुका है. बहुत से पुरुष इस तनाव को झेल नहीं पाते और शारीरिक एवं मानसिक रूप से कमजोर हो जाते हैं. ऐसे में अंकुरित चने उन पूरुषों के लिए भगवान का वरदान है. पुरुश्कों को अंकुरित चने चबा चबा कर खाने चाहिए. इसके इलावा भीगे हुए चनो को पानी के साथ या शहद मिला कर पीने से भी मर्दानगी बढ़ती है.

पीलिया में गुणकारी

चना के औषधीय गुण

यदि आपको पीलिया के लक्ष्ण दिखाई दे रहे हैं तो अपना इलाज तुरंत करवा लें वरना आपको महंगा पड़ सकता है. पीलिया में चने आपके लिए बहुत गुणकारी साबित हो सकते हैं. इसके लिए आप चने की 100 ग्राम दाल में दो गिलास पानी मिला लें और उसको कुछ घंटों तक भीगने के लिए रख दें. अब छलनी की सहायता से आप दाल और पानी को अलग कर लें और 4-5 दिन तक पीड़ित व्यक्ति को गुड के साथ मिला कर देते रहे. ऐसा करने से पीलिया की समस्या बहुत जल्दी दूर हो जाएगी.

चेहरे की चमक

चना के औषधीय गुण

चेहरे की रंगत को बढ़ाने के लिए नियमित अंकुरित चनों का सेवन करना बेहद लाभदायक सिद्ध होता है. साथ ही आप चने का फेस पैक घर पर बनाकर इस्तेमाल कर सकते हो. आपको बता दें कि चने के आटे में हल्दी मिलाकर चेहरे पर लगाने से त्वचा मुलायम होती है. इसके साथ ही महिलाओं को हफ्ते में कम से कम एक बार चना और गुड जरूर खाना चाहिए.