दिलचस्प

आखिर क्यों नहीं होती राष्ट्रपति की गाड़ी पर नंबर प्लेट, वजह है बेहद दिलचस्प

हाल ही में मोदी सरकार ने मंत्रियों की गाड़ी से लाल बत्ती हटवा दी है. उन्होंने ये कदम देश से VVIP प्रथा को खत्म करने के लिए किया है. इसके बावजूद देश में VVIP कल्चर कितना खत्म हुआ है ये बात हम सभी जानते हैं. भारत में आम इंसान के लिए वह नियम अलग हैं लेकिन माननीय लोगों के लिए इसमें कई बदलाव हैं. जैसे कि भारत के राष्ट्रपति की कार में नंबर प्लेट नहीं होती. अब आपके दिमाग में ये बात चल रही होगी कि भारत देश में हर व्यक्ति को अपनी गाड़ी में नंबर प्लेट लगाना अनिवार्य है तो भला देश के राष्ट्रपति की गाड़ी पर नंबर प्लेट कैसे नहीं हो सकती? आखिर राष्ट्रपति के लिए अलग कानून क्यों बनाया गया है? लेकिन राष्ट्रपति की गाड़ी पर नंबर प्लेट नहीं होने के पीछे एक बड़ी वजह होती है और हमें यकीन है कि जब आपको ये वजह पता चलेगी तो आप हैरान रह जाएंगे.

क्या है नंबर प्लेट का कानून

बिना रजिस्ट्रेशन गाड़ी लेकर बाहर निकलने पर पुलिस गाड़ी जब्त कर सकती है या फिर चालान काट सकती है. लेकिन राष्ट्रपति के लिए ये कानून थोड़ा अलग है. बता दें, देश के राष्ट्रपति के पास एक नहीं बल्कि 14 ऐसी गाड़ियां होती हैं जिन पर नेम प्लेट नहीं होता है. आखिर क्यों आम इंसान और राष्ट्रपति के बीच ये भेदभाव है? चलिए आपको इसका जवाब दे ही देते हैं.

जैसा कि आप जानते हैं किसी भी गाड़ी को सड़क पर चलाने के लिए सर्टिफिकेट ऑफ़ रजिस्ट्रेशन की जरूरत पड़ती है. ये सर्टिफिकेट सरकार मुहैया करवाती है जिसे RC के नाम से जाना जाता है. यही रजिस्ट्रेशन नंबर आपकी गाड़ी के प्लेट पर भी लिखा होता है. रजिस्ट्रेशन नंबर दिल्ली में DL, उत्तराखंड में UK, चंडीगढ़ में CH, पंजाब में PB आदि से शुरू होता है. किसी भी गाड़ी का रजिस्ट्रेशन 15 साल तक वैलिड होता है. इसके बिना कोई भी गाडी सड़क पर चल नहीं सकती और यदि चलती है तो आपको हर्जाना भरना पड़ सकता है.

इस वजह से नहीं होती नंबर प्लेट

बता दें, जब व्यक्ति नयी गाड़ी लेता है तो रजिस्ट्रेशन नंबर मिलने तक उसे एक टेम्पररी रजिस्ट्रेशन नंबर दिया जाता है. नया नंबर मिलने तक वह इस नंबर का इस्तेमाल करके अपनी गाड़ी आराम से चला सकते हैं. बता दें कि जब आप भारत के किसी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश से गाड़ी खरीदते हैं तो उसका रजिस्ट्रेशन सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में वैध होता है. लेकिन आपने जिस राज्य से गाड़ी खरीदी है उसे छोड़कर किसी अन्य राज्य में 12 महीने से ज्यादा समय से गाड़ी चला रहे हैं तो आपको उसी राज्य में अपनी गाड़ी का दोबारा रजिस्ट्रेशन करवाना पड़ता है. ब्रिटिश सिस्टम के मुताबिक ‘एक राजा कभी गलत नहीं कर सकता’ इसलिए राष्ट्रपति व अन्य माननीयों के गाड़ी पर रजिस्ट्रेशन नंबर नहीं होता. इसी वजह से राष्ट्रपति की गाड़ी पर नंबर प्लेट नही होता है. ब्रिटिश सिस्टम को मानते हुए राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और राज्यपाल सहित सही VVIP की गाड़ियों पर नंबर प्लेट नहीं होता.

पढ़ें जीवन के लिए सही मार्गदर्शक है पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की ये बातें

दोस्तों, उम्मीद करते हैं कि आपको हमारा ये आर्टिकल पसंद आया होगा. पसंद आने पर लाइक और शेयर करना न भूलें.

Show More

Related Articles

Back to top button
Close