राजनीतिविशेष

2019 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के ये 4 बड़े बयानवीर कर सकते हैं उसका बंटाधार

आगामी लोकसभा चुनाव को होने में अब बस 6 महीने से कम का ही समय बचा है, इसलिए इस दौर को अगर राजनीति के लिए नाज़ुक कहें तो गलत नहीं होगा। लोकसभा चुनाव तक तमाम पार्टियों की सांसें अटकी हुई सी रहने वाली हैं। यही वजह है कि कांग्रेस और बीजेपी के बीच जुबानी जंग शुरू हो चुकी है। ऐसे में यहाँ ये देखना होगा कि आखिर इस जुबानी जंग में किसका पलड़ा भारी पड़ रहा है या किसका नहीं। तो चलिए जानते हैं कि हमारे इस लेख में आपके लिए क्या है?

लोकसभा चुनाव को लेकर तेज़ हुई जुबानी जंग में कांग्रेस का बंटाधार होता हुआ नजर आ रहा है। जी हां, कांग्रेस के बयानवीर इन दिनों ऐसे बयानबाजी करते हुए नज़र आ रहे हैं, जिससे कांग्रेस का बेड़ा गर्क होने वाला है। जहाँ एक तरफ कांग्रेस नेताओं के बयानबाजी से चुनाव में उनका पलड़ा कमजोर होता जा रहा है तो वहीं दूसरी तरफ बीजेपी इससे पहले से ज्यादा मजबूत होती जा रही है। तो चलिए जानते हैं कि वो कौन से बयान है जो कांग्रेस का बंटाधार कर देगी –

1. शशि थरूर – कांग्रेस के दिग्गज शशि थरूर ने हाल ही में अयोध्या विवाद और बड़ा बयान देते हुए कहा था कि एक अच्छा हिन्दू अयोध्या में राम मंदिर नहीं चाहता है। अब शशि के इस बयान से कांग्रेस को 2019 में झटका लगना तय माना जा रहा है, क्योंकि बीजेपी इस मौके को खोने से रही।

2.गुलाब नबी आजाद – कांग्रेस के दिग्गज नेता गुलाब नबी आजाद ने जून 2018 में कश्मीर में जवानों द्वारा आतंकियों को मारे जाने को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा था कि सेना आम लोगों की जान ले रही है। इस बयान से कांग्रेस को कई राज्यो में झटका लग सकता है और बीजेपी इस मुद्दे को जमकर उछालेगी।

3.नवजोत सिंह सिद्धू –  नवजोत सिंह सिद्धू का पाकिस्तान प्रेम कांग्रेस के गले की हड्डी बन सकता है। हाल ही में सिद्धू पाकिस्तान के नए नवेले पीएम इमरान के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए थे, जहाँ वह पाकिस्तान की तारीफे करते हुए नज़र आये थे। अब यह मुद्दा 2019 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को घेरने के लिए बीजेपी के लिए काफी है।

4. सैफ़ुद्दीन सोज- इन्होंने आज़ादी वाले बयान से बवाल मच गया था। जून 2018 में अपनी किताब के विमोचन के दौरान सोज ने कहा था कि कश्मीरियों की पहली प्राथमिकता आज़ादी पाना है।

Related Articles

Close