डेंगू से पस्त हैं कॉमेडियन भारती और उनके पति, जानिए क्या है इस बीमारी के लक्षण और इलाज?

डेंगू कॉमेडियन भारती सिंह और उनके पति हर्ष लिम्बाचिया को हो गया है। दोनों के शरीर में प्लेटलेट्स की कमी की वजह से डॉक्टर ने दोनों को अस्पताल में भर्ती रखा है। डेंगू एक खतरनाक बीमारी है। ये एक खास प्रकार का वायरल इन्फेक्शन है। जो दो प्रकार के मच्छरों “एडीज इजिप्ती और एडीज अल्बोपिक्टस के द्वारा फैलता है। डेंगू पूरे विश्व में एक घातक बीमारी बनती जा रही है। WHO के मुताबिक हर वर्ष करीब 40 करोड़ नए मामले डेंगू के  दर्ज होते हैं। इनमें से करीब 5 लाख लोगों में डेंगू के ज्यादा गंभीर मामले देखे गए हैं। डेंगू के बुखार में खासकर प्राथमिक उपचार में ध्यान दिया जाना जरूरी है। इसके साथ डेंगू के अधिक गंभीर लक्षणों को पहचानने में जोर दिया जाना जरूरी है। जिसकी मदद से तत्काल उपचार मिल सके। डेंगू जैसी खतरनाक बीमारी के चपेट में कोई भी आ सकता है। इससे बचने के लिए डेंगू बीमारी के बारे में जानकारी होना बेहद जरूरी है।

  • कैसे होती है ये बीमारी – डेंगू दो खास प्रकार के मच्छरों एडीज इजिप्ती और एडीज अल्बोपिक्टस के काटने से होता है। और इन्हींं के द्वारा ये बीमारी फैलती है। ये दोनों मच्छर साफ पानी में पनपते हैं। इसलिए अपने आस पास किसी बर्तन या बाल्टी में पानी जमा न होनें दें। ये मच्छर दिन में काटते हैं। इनसे बचने के लिए हमेशा पूरे ढँके हुए कपड़े पहनें।

डेंगू बुखार के लक्षणों को पहचानें-  इस बीमारी से बचने के लिए सबसे जरूरी है इसके लक्षणों को जल्दी से जल्दी पहचानना और इलाज करवाना, तो चलिए जानते हैं कि डेंगू बुखार के लक्षण क्या क्या हैं।

  • तेज बुखार- डेंगू में तेज बुखार आता है। तेज बुखार आना इसके प्रमुख लक्षणों में है। इस बुखार मेंं शरीर का तापमान 102*F से 105*F हो सकता है। ये तेज बुखार चार से सात दिनों तक रह सकता है। इसलिए अपने शरीर के तापमान की जांच अवश्य करें। चार से सात दिनों तक बुखार रहने के बाद तापमान कम हो सकता है। लेकिन ध्यान रहे बुखार पलट भी सकता है। इस बीमारी मेंं तेज बुखार अधिक दिनों तक बना रह सकता है।

  • फ्लू के लक्षण- बुखार के बाद सिर में दर्द, आंखों के पीछे दर्द, मतली, उल्टी, मांसपेशियों में दर्द, थकान, त्वचा पर लाल चकते पड़ना इत्यादि इसके प्रमुख लक्षणों में से हैं।
  • असामान्य रक्तस्त्राव- इस वायरस के दौरान दांतों और मसूड़ों से असामान्य रक्तस्त्राव होता है। इस वायरस के शरीर में समावेश होने से रक्त संचरण प्रक्रिया में बदलाव और रक्त प्रवाह पर असर पड़ता है।
  • त्वचा पर लाल लाल चकते पड़ना- बुखार होने के तीन से चार दिन बाद त्वचा पर लाल चकते दिखने लगते हैं। जो एक से दो दिन मेंं ठीक हो जाते हैं परंतु ये फिर से वापस आ सकते हैं। सबसे पहले लाल चकते चेहरे पर दिखने शुरू होते हैं। इनमेंं खुजली नहीं होती है। अगले चरण में ये चकते चेहरे से लेकर पैर तक मेंं हो सकते हैं।

डेंगू के बुखार का इलाज- डेंगू के बुखार के इलाज के लिए डॉक्टर से जरूर मिलें। लेकिन सावधानी के तौर पर कुछ निम्न बातों का ख्याल जरूर रखें।

  • डॉक्टर से मिलना- यदि आप डेंगू के बुखार से पीड़ित हैं तो अपने डॉक्टर से जरूर मिलें। डॉक्टर आपकी रक्त जांच करेंगे और परखने के लिए प्लेटलेट्स को जांचा जा सकता है। क्योंकि इस बीमारी मेंं प्लेटलेट्स की कमी हो जाती है। हालांकि इसके बुखार का कोई विशेष उपचार नहीं हैै। लेकिन इस बीमारी में चिकित्सकीय देखभाल जरूरी है।
  • भरपूर आराम करें- इस बीमारी का सबसे अच्छा इलाज शरीर को भरपूर आराम देना है। क्योंकि इस बुखार के दौरान शरीर में पीड़ा होती है। इस पीड़ा और दर्द को दूर करने के लिए शरीर को आराम की जरूरत होती है।
  • अधिक से अधिक तरल पीएं- डेंगू बीमारी में तरल का सेवन ज्यादा से ज्यादा करें। नारियल का पानी का सेवन इस बीमारी के लिए अच्छा होता है।
  • बुखार नियंत्रण के लिए दवा लें- बुखार को ठीक करने के लिए डॉक्टर द्वारा सुझाए गए दवा का अनुसरण करें।
  • पूरी स्वस्थता के लिए दो हफ्ते आराम करें- डेंगू के बीमारी मेंं दो हफ्ते में पूरा स्वस्थ महसूस हो जाता है। इस दौरान कोई हेवी वर्क न करें।