हो जाइये तैयार…..ये तो बस ट्रेलर है – ब्लैकमनी पर अभी और सख्त होने वाली है मोदी सरकार

नई दिल्ली – पीएम मोदी ने आज कालेधन को बाहर निकालने के लिए और सख्त होने के संकेत दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन लोगों के पास बेहिसाबी धन है, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। पीएम मोदी ने कहा कि इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि 30 दिसंबर के बाद और कदम नहीं उठाए जाएंगे। Action to unearth black money.

सरकार ने लोगों को पुराने नोट जमा कराने के लिए 30 दिसंबर तक का ही समय दिया है। साथ ही उन्होंने ईमानदार लोगों को भरोसा दिलाया कि उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं झेलनी पड़ेगी।

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सरकार ने दिए कालाधन पर और कदम उठाने के संकेत –

जापान यात्रा पर आए प्रधानमंत्री मोदी ने 500 और 1,000 रुपये के नोट विमुद्रीकृत होने से लोगों को हो रही दिक्कतों को स्वीकार करते हुए कहा कि जरूरत पड़ने पर सरकार काले धन के खिलाफ और भी कठोर कदम उठा सकती है।

प्रवासी भारतीयों को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि वह पहले ही लोगों को बेईमानी से मिला धन सफेद करने का मौका दे चुके हैं। इसके बाद ही दूसरे रास्तों को अपनाने के बारे में सोचना पड़ा। विमुद्रीकरण उनमें से एक है, जिसे गुप्त रखना पड़ा।

मोदी ने कहा, मैं एक बार फिर यह घोषणा करना चाहूंगा कि इस योजना के बंद होने के बाद इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि कालाधन रखने वालों को ठिकाने लगाने के लिए (दंड देने के लिए) कोई नया कदम नहीं उठाया जाएगा। पीएम यहां एक स्वागत समारोह में वह भारतीय समुदाय को संबोधित कर रहे थे।

आजादी के बाद से ‘काले धन’ के रिकॉर्ड की होगी जांच –

मोदी ने कहा कि, मैं यह स्पष्ट करना चाहता हूं यदि किसी बेहिसाबी चीज का पता चलता है, तो मैं आजादी के बाद के सारे रिकॉर्ड की जांच करवाउंगा। इसकी जांच के लिए जितने लोगों को लगाने की जरूरत होगी, लगाउंगा। ईमानदार लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। किसी को बख्शा नहीं जाएगा। जो मुझे जानते हैं वे समझदार भी हैं। उन्होंने इसे बैंकों के बजाय गंगा में डालना बेहतर समझा।

उनका इशारा इन ख़बरों पर था कि बंद किए जा चुके 500 और 1,000 के नोट गंगा नदी में प्रवाहित किए गए हैं। मोदी ने इसे स्वच्छता अभियान करार दिया। उन्होंने कहा कि आठ नवंबर को इस घोषणा के बाद लोगों द्वारा परेशानी का जिस चुनौतीपूर्ण तरीके से सामना किया गया है वह काबिले तारीफ है।

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