सेना का ओवैसी को करारा जवाब, ‘हम अपने शहीदोंं को धर्म से नहीं जोड़ते हैं’

जम्मू कश्मीर: सुंजवां कैंप पर आतंकी हमले पर सियासत जारी है। जहां एक तरफ सुंजवां हमले को लेकर पूरे देश में गम का माहौल है, तो वहीं दूसरी तरफ ओवैसी ने मंगलवार को विवादित बयान दिया था, जिसकी वजह से सियासी गलियारों से लेकर सोशल मीडिया पर खलबली मची हुई है। दरअसल, ओवैसी ने शहीदों को धर्म से जोड़ते हुए मुस्लिमों की पैरवी की थी, लेकिन ओवैसी को ये बयान देना भारी पड़ा। जी हां, ओवैसी को सोशल मीडिया से लेकर जनता तक की आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में सेना ने ओवैसी के बयान पर बड़ा पलटवार किया है। आइये जानते हैं कि हमारे इस रिपोर्ट में क्या खास है?

देश के जवान बार्डर पर हमारी रक्षा के लिए अपनी कुर्बानी देते हैं, ऐसे में उनकी कुर्बानियों पर सियासत की रोटियां सेकनी शोभा नहीं देती है। लेकिन हमारे नेतागण इस पर भी अपनी रोटियां पकाने से बाज नहीं आते हैं, जिसका जीता जागता सबूत ओवैसी का विवादित बयान है। याद दिला दें कि असदुद्दीन ओवैसी ने सुंजवां हमले में कुर्बानी देने वाले पांच जवानो का जिक्र करते  हुए उन लोगों पर निशाना साधा था, जो मुसलमानों की देशभक्ति पर सवाल खड़े करते हैं।

ओवैसी ने शहीदों की शहादत को लेकर धर्म के मुद्दे को तेज कर दिया है, जिसका असर साफ साफ पर सोशल मीडिया पर दिखाई दे रहा है, लेकिन यहां बड़ा सवाल ये खड़ा होता है कि क्या देश से बड़ा अब धर्म होने लगा है? आखिर क्यों हम हर चीज को धर्म के नजरिये देखने लगे हैं, इसके पीछे की वजह शायद यही हो सकती है कि हमारे देश की राजनीति अब सिर्फ धर्म पर आधारित हो चुकी है।

सेना का ओवैसी को करारा जवाब

 

ओवैसी के बयान पर पलटवार करते हुए सेना की उत्तरी कमान के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल देवराज अनबू ने ओवैसी का बिना नाम लिए कहा कि हम अपने शहीदों को धर्म से नहीं जोड़ते। इसके साथ ही कमांडर ने कहा कि जो लोग सेना की कार्यशैली नहीं जानते, वह लोग इस तरह का बयान देते हैं, जोकि किसी भी नजरिये से सही नहीं हो सकता है।

Shreya Pandey

Web Journalist