रोज़ सेंकडो जानवर इंतज़ार करते हैं इस शख्स का, ना आने पर बहाते हैं आंसू

नई दिल्ली: कहते हैं इंसान भले अपनी इंसानियत भूल जाए मगर एक जानवर कभी भी वफादारी नहीं छोड़ता. अगर हम किसी इंसान का लाख बार भी भला करें तो वह हमारी पीठ पर छुरा भोंकने से बाज नहीं आता. परंतु, वहीअगर हम किसी जानवर की एक बार भी सहायता कर दें तो वह सारी उम्र के लिए हमारा वफ़ादार बन जाता है. कुछ ऐसा ही मामला हाल ही में हमारे सामने आया है. जहाँ एक युवक को सेंकडों जानवर प्यार करते हैं और उसके आने का इंतज़ार करते हैं. इसके पीछे की वजह उस युवक की उनके प्रति दया भावना है.

दरअसल, केन्या में रहने वाला पैट्रिक किलोन जो मवलुआ वहां के जंगल में मौजूद स्थानीय जीवो को बचाने का हर संभव प्रयास कर रहा है. मिली जानकारी के अनुसार पैट्रिक हर रोज किराए के ट्रक में 3000 गैलन पानी ढोकर “ये तस्वा वेस्ट नेशनल पार्क” ले जाता है और मरते हुए जानवरों के लिए एक आशा की किरण साबित हो रहा है. आपको हम बता दें कि केन्या में सूखा और अकाल इतना बढ़ चुका है कि राष्ट्रपति ने इसको आपदा घोषित कर दिया है. परंतु इसके बावजूद भी पैट्रिक ने हार नहीं मानी और जानवरों के लिए एक छोटी सी उम्मीद की किरण बनकर सामने आया है.

 

पैट्रिक का जन्म केन्या में ही हुआ था. एक किसान होने के नाते शुरू से ही उसका वनों और जंगलों से काफी लगाव रहा है. वह अपने देश और जानवरों की स्थिति को लेकर काफी गंभीर है. एक इंटरव्यू के दौरान पैट्रिक ने बताया कि अब केन्या में पहले की तरह बारिश नहीं होती जिसके कारण वनों के क्षेत्र में जानवर अक्सर बीमारियों से पीड़ित दिखाई देते हैं. पैट्रिक के अनुसार सूखा पड़ने के बाद से ही उसने जानवरों को पानी पिलाने की ठान ली. पैट्रिक ने बताया कि अगर वह उन्हें पानी पिलाने का काम नहीं करता तो आज सारे जीव प्यास से मर जाते.

पैट्रिक अक्सर टवबो नेशनल पार्क में पानी का गड्डा बना कर उसमे पानी भरता रहता  है. 3000 गैलन पानी हर रोज पार्क में ले जाना काफी जोखिम भरा काम है. पैट्रिक ने बताया कि उसे पानी ले जाने में काफी सारी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है. परंतु वह दिल में संयम रखकर पार्क में मौजूद जानवरों का सोचकर आगे बढ़ता रहता है. पैट्रिक ने बताया कि हाथी, जेब्रा और भैंस अक्सर उसके इंतजार में होते हैं क्योंकि वह पानी सूंघ सकते हैं. इसलिए वह जब भी पार्क जाता है तो सभी जानवर उसका जम कर स्वागत करते हैं.

पैट्रिक की कोशिशों के चलते वहां के लोगों ने उसे “वाटर मैन” का नाम दिया है. वहीं दूसरी ओर केन्या के वन जीव और महान कार्यों के लिए अमेरिकी शे कॉलवे ने भी पैट्रिक को काफी प्रेरित किया है. इसके चलते उसने एक पेज बनाया है जिसका नाम “गो फंड मी” रखा गया है. इस पेज के जरिए पैट्रिक को अभी तक $18000 मिल चुके हैं जिससे वह अपनी खुद की ट्रक खरीदना चाहता है. आज की इस कलयुग की दुनिया में जहां अपने अपनों को ठुकरा देते हैं, वही पैट्रिक एकमात्र ऐसा इंसान है जो बिना किसी शर्त और लालच के जानवरों साथ प्यार बांट रहा है और उनका जीवन अच्छा बनाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है.

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