इस शख्स को देखते ही हाथ जोड़ लेते हैं योगी! जानिए कौन है वो, जिसके सामने सीएम भी हैं नतमस्तक

यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ अपने कड़क मिजाज के लिए हमेशा से चर्चा रहते हैं। अधिकारी, नेता और पार्टी कार्यकर्ताओँ भी उनके कड़क मिजाज के बारे में अच्छी तरह जानते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं। कोई ऐसा है जिसके सामने जाते ही योगी के हाथ नमस्कार के लिए जुड़ जाते हैं और प्रणाम करने के लिए सिर झुक जाता है। उनकी इस आदत को 31 साल पूरे हो चुके हैं. लेकिन आजतक वो चाहकर भी बदल नही पाए है।

31 साल पुरानी है योगी आदित्यनाथ की ये आदत

Girls tweet to yogi adityanath

यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बीते दिनों कानपुर के दौरे पर गए थे। जहां उन्होने एक बात का खुलासा किया। और कहा कि मै अपनी एक आदत 31 साल से बदलने की कोशिश कर रहा हूं लेकिन बदल नहीं पाया हूं। दरअसल योगी के स्कूल के गुरु कानपुर में रहते हैं, और 31 साल पुराने अपने गुरुजी को याद करते हुए उन्होने कहा कि गुरु जी को मैं जब भी देखता हूं मेरे हाथ अपने आप जुड़ जाते हैं। और प्रणाम मुद्रा में आ जाता हूं। साथ ही 31 साल पहले वाले गुरु जी का चेहरा याद आ जाता है। जिनका हम सम्मान करते थे। योगी के गुरु कानपुर में रहते हैं। कानपुर जाने से पहले ही मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी से अपने गुरुजी को बुलाने को कह दिया था। योगी ने चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्व विद्यालय में गुरुजी से मुलाकात की। उनके साथ कुलपति के दफ्तर में बैठकर खाना खाया। अपने साथ लखनऊ से लेकर आए दो पुस्तकें और शॉल उनको भेंट की।

योगी आदित्यनाथ गणित में थे तेज

योगी आदित्य नाथ के पिता आनंद सिंह विष्ट वन विभाग में काम करते थे। उनका निवास मेरे घर के पास ही था। इसलिए दोस्ती हो गई थी। नागेंद्र नाथ वाजपेयी बताते हैं कि योगी आदित्य नाथ पढ़ने में बहुत तेज थे। वह गणित की किताब लेकर उनके घर आकर सवाल पूछा करते थे। स्कूल भी पांच मिनट पहले ही पहुंच जाया करते थे।

दूर से देखते ही प्रणाम करते थे

नागेंद्र नाथ वाजपेई बताते हैं कि योगी दूर से उन्हें देखते ही प्रणाम करते थे। योगी आदित्य नाथ स्कूल में भी सफाई पसंद थे। जरा सी गदंगी देखकर तुरंत खुद ही झाड़ू लगाने लगते थे। वह जींस और टी शर्ट पंसद नहीं करते थे। बीड़ी, सिगरेट, तंबाकू के विरोधी थे। नागेंद्र नाथ वाजपेयी ने बताया कि योगी आदित्य नाथ के मुख्यमंत्री बनने के बाद उनसे पहली मुलाकात हुई है। उनके मुख्यमंत्री बनने पर उन्होंने बधाई पत्र भेजा था।

गुरु जी को जींस और टी शर्ट की बात दिलाई याद
मुलाकात में मुख्यमंत्री ने पुरानी यादें ताजा करते हुए जींस और टी शर्ट की बात चलाते हुए कहा कि उन्होंने शिक्षकों के स्कूल में जींस और टी शर्ट पहनकर आने पर रोक लगा दी है। मुख्यमंत्री ने अपने गुरु को गीता रास की दो किताबें और शॉल भेंट किया।

ये हैं योगी आदित्यनाथ के गुरु जी

विश्वबैंक बर्रा निवासी नागेंद्र नाथ वाजपेयी मूल रूप से खुजऊपुर रूमा के रहने वाले हैं। वह राजकीय इंटर कालेज गजा टिहरी में गणित के अध्यापक थे। तब उन्होंने योगी आदित्य नाथ को गणित पढ़ाया था।

नागेंद्र नाथ वाजपेयी ने बताया कि 1986-87 में योगी आदित्य नाथ ने नवीं और 10वीं की पढ़ाई की थी। तब योगी आदित्य नाथ का नाम अजय मोहन विष्ट था। 1986 में अजय मोहन नवीं के छात्र थे। वह उन्हें गणित पढ़ाते थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published.