कांग्रेस: इस वजह से सोनिया गांधी को चुना गया अंतरिम अध्यक्ष, राहुल नहीं थे इसके लायक

लोकसभा चुनाव में करारी हार मिलने के बाद कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने का मन बना लिया था। इसके बाद खबरें आईं कि उन्होंने इस पद से इस्तीफा दे दिया है लेकिन उसे स्वीकार करना मुश्किल हो रहा था। कमेटी के लोगों ने दिन रात राहुल गांधी को मनाने में निकाल दिया कि उन्हें ये पद नहीं छोड़ना चाहिए और इसमें बनकर आगे की सोचना चाहिए। मगर राहुल गांधी अड़ गए कि उन्हें इस पद पर नहीं रहना। इसके बाद 10 अगस्त की देर रात सोनिया गांधी को चुना गया अंतरिम अध्यक्ष, मगर ये स्थाई है ?

सोनिया गांधी को चुना गया अंतरिम अध्यक्ष

लोकसभा चुनाव के बाद करीब ढाई महीने तक बिना अध्यक्ष के कांग्रेस पार्टी चल रही थी और आखिर में गांधी परिवार से ही नया अध्यक्ष सोनिया गांधी के रूप में मिला। कांग्रेस कार्यसमिति ने सोनिया गांधी को नया कांग्रेस अंतरिम अध्यक्ष चुना गया और कांग्रेस अधिवेशन में नियमित अध्यक्ष के चुनाव तक सोनिया गांधी ही इस पार्टी की अध्यक्ष रहेंगी। सीडब्लूयी बैठक के बाद रणदीप सुरजेवाला ने बताया कि सोनिया गांधी तजुर्बेदार नेता हैं और उन्होंने कांग्रेस के लिए कई काम किए हैं और कांग्रेस के संविधान के मुताबिक CWC के पास सिर्फ अंतरिम अध्यक्ष चुनने का ही अधिकार है। रात करीब 11.05 पर CWC की बैठक खत्म हुई और कांग्रेस के मीडिया इंचार्ज रणदीप सुरजेवाला और महासचीव सी. वेणुगोपाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके इस बात की जानकारी दीष वेणुगोपाल ने बताया कि कांग्रेस कार्यसमिति की दूसरी बैठक साढ़े 8 बजे शुरु हुई थी और 11 बजे खत्म जिसमें तीन सर्वसम्मति प्रस्ताव पास किए गए है।

कांग्रेस कार्यसमिति में पास हुए पहले प्रस्ताव में राहुल गांधी के नेतृत्व की तारीफ की गई थी और इस प्रस्ताव में कहा गया कि राहुल गांधी ने बेबाकी के साथ देश के मुद्दों को उठाया, पार्टी को नई ऊर्जा दी और कांग्रेस के सभी कार्यकर्ताओं को प्रेरित भी किया। दूसरा प्रस्काव राहुल गांधी को अध्यक्ष पद ना छोड़़ने की अपील संबंधी था। वेणुगोपाल ने बताया कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्षों, विधायक दलों, सांसदों और दूसरे नेताओं से चर्चा के बाद CWC ने सर्वसम्मति से फैसला लिया. हालांकि राहुल गांधी ने विनम्रता के साथ इस फैसले को ठुकरा दिया। बाद में सोनिया गांधी को अंतरिम अध्यक्ष बनाने का फैसला हुआ।

जम्मू कश्मीर के हालात पर लिया गया फैसला ?

CWC में तीसरा प्रस्ताव जम्मू-कश्मीर के मौजूदा हालात को देखते हुए पास किया गया। इस प्रस्ताव में जम्मू-कश्मीर के हालात पर चिंता जताई गई, वेणुगोपाल ने कहा कि प्रस्ताव के मुताबित सरकार सभी दलों के एक प्रतिनिधिमंडल को जम्मू-कश्मीर जाने की इजाजत दे। आपको बता दें कि लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की करारी हार के बाद राहुल गांधी ने 25 मई को हुई CWC मीटिंग में पार्टी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। इस समय उनके इस्तीफे को अस्वीकार कर लिया गया था लेकिन अब उसे स्वीकार कर लिया गया है।