समाचार

भारत संग पृथ्वी की सबसे निकटतम साझेदारी बनाएगा अमेरिका’ मोदी से मुलाकात के बाद बाइडन का संकल्प

जापान में मोदी-बाइडेन मुलाकात के दौरान कहा गया है कि दोनों नेताओं ने ‘महत्वपूर्ण रक्षा गठजोड़’ को गहरा बनाने, दोनों देशों के फायदे के लिये आर्थिक सहयोग को प्रोत्साहित करने व वैश्विक स्वास्थ्य गठजोड़, महामारी को लेकर तैयारी और महत्वपूर्ण एवं उभरती प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में साझेदारी को विस्तार देने को लेकर प्रतिबद्धता व्यक्त की है।

बयान के अनुसार, दोनों नेता भारत के उचित ऊर्जा बदलाव की दिशा में उठाये गए कदमों को गति देने और नवीकरणीय ऊर्जा के इस्तेमाल, उद्योगों को कार्बन मुक्त बनाने, वाहनों से शून्य उत्सर्जन एवं आवाजाही से संबंधी निवेश के लिये गठजोड़ मजबूत करने को लेकर आशान्वित दिखे। इस कदमों में ‘अमेरिका-भारत जलवायु एवं स्वच्छ ऊर्जा एजेंडा 2030’ शामिल हैं।

pm modi and joe biden

दोनों देश ‘भारत-अमेरिका टीका कार्रवाई कार्यक्रम’ का नवीनीकरण कर रहे हैं। इसकी स्थापना के बाद से ही कोविड-19, रोटा वायरस से निपटने में मददगार भारत के पहले स्वदेशी और कम लागत के टीकों की खोज, विकास एवं उत्पादन संबंधी सफलता की कई कहानियां सामने आई हैं। दोनों देशों ने ‘संयुक्त सैन्य बल-बहरीन’ में सहयोगी देश के रूप में भारत के शामिल होने की घोषणा की।

व्हाइट हाउस के बयान के अनुसार, नेताओं ने महत्वपूर्ण एवं उभरती प्रौद्योगिकी पर यूनाइटेड स्टेट-इंडिया इनिशिएटिव ऑन क्रिटिकल एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजी (आईसीईटी) की शुरुआत का स्वागत किया। इसे दोनों देशों की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषदों द्वारा संचालित किया जा रहा है ताकि महत्वपूर्ण एवं उभरती प्रौद्योगिकी को लेकर गठजोड़ को विस्तार दिया जा सके। इसमें कहा गया है कि अमेरिका की 2022 में कृत्रिम बुद्धिमता, डेटा विज्ञान, कृषि, स्वास्थ्य एवं जलवायु जैसे क्षेत्रों में कम से कम 25 संयुक्त शोध परियोजनाओं को समर्थन देने के लिए भारत के छह नवोन्मेष केंद्र से जुड़ने की योजना है।

पीएम मोदी ने बैठक को सार्थक कहा

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने ट्वीट में राष्ट्रपति बाइडन के साथ अपनी बैठक को ‘सार्थक’ बताया. पीएम मोदी ने कहा, ‘‘अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडन के साथ सार्थक बैठक हुई. हमने कारोबार, निवेश, रक्षा, लोगों के बीच सम्पर्क सहित भारत-अमेरिका संबंधों के विविध आयामों पर आज व्यापक चर्चा की।’’


पीएम मोदी ने अपनी प्रारंभिक टिप्पणी में कहा कि रक्षा एवं अन्य मामलों में दोनों देशों के साझा हित एवं साझे मूल्य हैं और यह सही मायने में भरोसे एवं मित्रता की एक साझेदारी है। पीएम मोदी ने कहा, ‘‘हमारे लोगों के आपसी संबंध और दोनों देशों के बीच मजबूत आर्थिक सहयोग हमारी साझेदारी को अद्वितीय बनाते हैं।’’ उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच कारोबार और निवेश में भी निरंतर विस्तार होता जा रहा है, हालांकि यह अब भी क्षमता से बहुत कम है।

पृथ्वी की सबसे निकटतम साझेदारी बनाएंगे

वहीं, बाइडन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कहा कि वह भारत के साथ अमेरिका की साझेदारी को पृथ्वी की सबसे निकटतम साझेदारी (Closest On Earth) बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। बाइडन ने कहा कि दोनों देश साथ मिलकर बहुत कुछ कर सकते हैं और करेंगे।

Back to top button