समाचार

UP में धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर हटाने का औपचारिक आदेश जारी, 30 अप्रैल तक देनी होगी रिपोर्ट

यूपी देश का पहला राज्य बन गया है जहां औपचारिक रूप से धार्मिक स्थलों से अवैध लाउडस्पीकर हटाने का आदेश जारी करने के साथ-साथ एक निश्चित तारीख तक अनुपालन रिपोर्ट भी तलब कर ली गई है। राज्य के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को ये जानकारी दी। कुछ दिन पहले ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने धार्मिक स्थलों पर लाउडस्पीकर की आवाज को सीमित करने के निर्देश दिए थे ताकि आसपास रहने वाले लोगों को परेशानी न हो। लेकिन अब विधिवत रूप से औपचारिक आदेश भी जारी कर दिया गया है।

अतिरिक्त मुख्य सचिव(गृह) ने दी जानकारी

अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह) अवनीश अवस्थी ने पीटीआई-भाषा को बताया, ”राज्य में धार्मिक स्थलों से अवैध लाउडस्पीकरों को हटाने का आदेश शनिवार को जारी किया गया। इस संबंध में जिलों से 30 अप्रैल तक अनुपालन रिपोर्ट मांगी गई है।” अवस्थी ने कहा कि पुलिस को धार्मिक नेताओं के साथ बातचीत कर उनके साथ समन्वय करके अनधिकृत लाउडस्पीकरों को हटाने को सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।”

अबतक इतने लाउडस्पीकर बंद हुए

उत्तर प्रदेश के एडीजी (कानून व्यवस्था) प्रशांत कुमार ने सोमवार को कहा कि अब तक 125 लाउडस्पीकरों को बंद किया जा चुका है और करीब 17,000 लोगों ने खुद ऐसे स्पीकरों की आवाज कम कर दी है। बतातें चलें कि पिछले हफ्ते ही मुख्यमंत्री आदित्यनाथ ने निर्देश दिया था कि बिना अनुमति के कोई भी धार्मिक जुलूस नहीं निकाला जाना चाहिए और लाउडस्पीकर के इस्तेमाल से दूसरों को असुविधा नहीं होनी चाहिए।

ईद और अक्षय तृतीया एक ही दिन

गौरतलब है कि अगले महीने ईद और अक्षय तृतीया के एक ही दिन पड़ने और आने वाले दिनों में भी कई अन्य त्योहार पड़ने वाले हैं, इसको ध्यान में रखते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पुलिस को अतिरिक्त सतर्क रहने की जरूरत है। पिछले सप्ताह वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक के दौरान योगी ने कहा था कि हर किसी को अपनी धार्मिक विचारधारा के अनुसार अपनी पूजा पद्धति का पालन करने की स्वतंत्रता है।

इस बैठक में सीएम ने कहा था, “लाउडस्पीकर का उपयोग किया जा सकता है, लेकिन ये सुनिश्चित किया जाए कि अवाज किसी भी परिसर से बाहर न आए और अन्य लोगों को किसी भी समस्या का सामना न करना पड़े,” साथ ही उन्होंने कहा था कि नई जगहों पर लाउडस्पीकर लगाने की कोई अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।

Back to top button