विशेष

वाराणसी-दिल्ली के बीच हर 47 मिनट पर चलेगी बुलेट ट्रेन! हाई स्पीड रेल कॉरिडोर को लेकर ये तैयारी

दिल्ली-वाराणसी के बीच बुलेट ट्रेन चलाने की तैयारी को लेकर बन रहा खाका अब सामने आने लगा है। इस बुलेट ट्रेन रूट पर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में अवध क्रॉसिंग के भी 2029 तक दिल्ली-वाराणशी हाई स्पीड ट्रेन रेल कोरिडोर (DVHSR) पर शुरू होने वाली बुलेट ट्रेन के लिए एक स्टॉप होने की संभावना है। अ

वध क्रॉसिंग, एक्सप्रेसवे और हाईवे को लखनऊ शहर से जोड़ती है। 11 फरवरी को, राज्यसभा में एक प्रश्न का उत्तर देते हुए रेल मंत्रालय ने डीवीएचएसआर सहित सात गलियारों के लिए एक सर्वेक्षण करने और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने की योजना की घोषणा की थी।

रूट पर कुल 13 स्टेशन होंगे

सरकारी अधिकारियों के अनुसार, दिल्ली-वाराणसी हाई स्पीड रेल कॉरिडोर के तहत 813 किलोमीटर के ट्रैक पर उत्तर प्रदेश में 12 एलिवेटेड और दिल्ली में एक अंडरग्राउंड समेत 13 स्टेशन होंगे। इस ट्रैक पर ट्रेन 330 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी। सीमित पड़ावों के साथ राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से वाराणसी पहुंचने में ट्रेन को कम से कम 3 घंटे 33 मिनट का समय लगेगा। अंडरग्राउंड स्टेशन के लिए करीब 15 किमी लंबी टनल बनाई जाएगी।

लखनऊ में 22 मिनट, वाराणसी में 47 मिनट पर ट्रेन

चूंकि डीवीएचएसआर का रूट अलाइनमेंट यमुना एक्सप्रेसवे, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेसवे के साथ है, इसलिए ट्रेन के लिए अवध क्रॉसिंग पर लखनऊ में स्टेशन होने की संभावना है। एक अधिकारी का कहना है कि प्रतिदिन कुल 43 ट्रेनें हर 22 मिनट में अवध क्रॉसिंग स्टेशन पहुंचेंगी।

हजरत निजामुद्दीन से शुरू होकर यह ट्रेन नोएडा सेक्टर 146 मेट्रो स्टेशन, जेवर एयरपोर्ट, मथुरा, आगरा, इटावा, कन्नौज, लखनऊ, रायबरेली, प्रतापगढ़, प्रयागराज, भदोही पर रुकेगी और मंडुआडीह (वाराणसी) में यात्रा समाप्त होगी। एक फुट ओवर ब्रिज (एफओबी) अवध क्रॉसिंग पर स्टेशन को सिंगर नगर मेट्रो स्टेशन से जोड़ेगा ताकि यात्री शहर में अपने गंतव्य तक पहुंच सकें। इसी तरह प्रयागराज स्टेशन से फाफामऊ रेलवे स्टेशन तक एफओबी का निर्माण किया जाएगा। प्रस्तावित योजना के अनुसार वाराणसी से प्रतिदिन 47 मिनट के अंतराल पर 18 ट्रेनें चलेंगी।

bullet train

दिल्ली में यहां होगा अंडरग्राउंड स्टेशन

दिल्ली में, डीवीएचएसआर अंडरग्राउंड स्टेशन हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन के सामने होगा, जबकि नोएडा में यह सेक्टर 146 मेट्रो स्टेशन के सामने होगा। जेवर में, डीवीएचएसआर स्टेशन जेवर हवाई अड्डे के परिवहन नेटवर्क का हिस्सा होगा। अधिकारियों के अनुसार, लखनऊ और अयोध्या को जोड़ने के लिए DVHSR का एक और खंड प्रस्तावित किया गया है, लेकिन यह लागत व्यवहार्यता पर निर्भर करेगा।

दिल्ली-वाराणसी मार्ग के अलावा, हाई स्पीड रेल कॉरिडोर के लिए वाराणसी-हावड़ा, दिल्ली-अमृतसर, दिल्ली-अहमदाबाद, मुंबई-हैदराबाद, मुंबई-नागपुर और चेन्नई-मैसूर वाया बेंगलुरु के लिए सर्वेक्षण किया जाएगा। वर्तमान में, नेशनल हाई स्पीड रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर पर काम कर रहा है।

Back to top button