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हलाला के बाद जवाज-अल-मुत्ता: इस्लामी देश में कुछ समय के लिए ऐसे अस्थाई बीवी बन जाती है सेक्सवर्कर

अफगानिस्तान में तालिबान राज आने के बाद वहां की महिलाओं और लड़कियां पेट पालने के लिए जिस्मफरोशी की धंधे में आ गई हैं। गरीबी की वजह से कई परिवार अपने घर की बच्चियों को बेच दे रहे हैं। ऐसी स्थिति एक और मुस्लिम देश की हो गई है। इस देश का नाम है ईरान। परमाणु बम बनाने की होड़ में शामिल ईरान के मजहबी नेताओं को अपने देश की महिलाओं की शायद ही कोई चिंता है। यहां की महिलाएं और स्टूडेंट खर्चा चलाने के लिए पार्ट टाइम सेक्स वर्कर बन रही हैं।

इरान में इसके लिए बाकयदा इसे वैध करने के लिए जवाज-अल-मुत्ता लाया गया ताकि एक तय समय के लिए सेक्स वर्कर अस्थायी रूप से बीवी बन जाय। क्या है पूरा मामला आपको आगे बताते हैं।

दिन में हेयरड्रेसर रात को सेक्स वर्कर

अपनी रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने के लिए ईरान की महिलाओं को सेक्स वर्कर का काम करना पड़ रहा है। इनमें से एक नेदा भी हैं। वो दिन में हेयरड्रेसर का काम करती हैं और रात में सेक्स वर्कर का।शरीर बेचकर वो अपना पेट पालने को मजबूर हैं। बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, नेदा का डाइवोर्स हो चुका है। ईरान की राजधानी तेहरान की रहनेवाली नेदा कहती हैं- मैं सेक्स वर्कर के काम से बहुत शर्मिंदा हूं। लेकिन क्या मेरे पास कोई दूसरा ऑप्शन है?

नेदा ने कहा- मैं ऐसे देश में रहती हूं, जहां औरतों का कोई सम्मान नहीं है। अर्थव्यवस्था गिरती जा रही है। और सभी चीजों की कीमतें लगभग हर दिन बढ़ती हैं। मैं अकेली हूं। बेटे का भी ख्याल रखना होता है। और अब मैं शहर के बाहरी इलाकों में एक छोटा सा घर लेना चाहती हूं। ये मेरे जीवन का कड़वा सच है कि मैं अपनी रूह बेचती हूं।

बता दें कि साल 2012 में ईरान ने सेक्स वर्क के धंधे से निपटने के लिए एक नेशनल प्रोग्राम बनाया था। हालांकि एनजीओ और रिर्सचरों द्वारा मिली रिपोर्ट्स के मुताबिक, इसके बावजूद सेक्स वर्करों की संख्या बढ़ती जा रही है।

ईरान के संकीर्ण धार्मिक संस्थान लंबे वक्त से ऑफिशियली इस बात को कहते आ रहे हैं कि उनके देश में सेक्स वर्क नहीं होता है। वहीं इन चर्चाओं पर अधिकारियों का कहना है कि युवाओं को बर्बाद करने के लिए पश्चिमी देशों ने ये प्लॉट डिजाइन किया है।

ईरान में कई हजार सेक्स वर्कर

ईरान में अब जवान लड़कियां भी सेक्स वर्कर का काम करने लगी हैं। ईरान में ड्रग-एडिक्ट महिलाओं के इलाज में लगे अफ्ताब सोसाइटी नाम के एक एनजीओ ने बताया कि साल 2019 में राजधानी तेहरान में करीब 10 हजार सेक्स वर्कर थीं। जिनमें से लगभग 35 फीसदी शादीशुदा थीं।

तेहरान यूनिवर्सिटी में सोशल वेलफेयर के प्रोफेसर अमीर महमूद हैरिचिक ने कहा कि तेहरान में महिला सेक्स वर्कर के आंकड़े दोगुने हो सकते हैं.

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रोजगार नहीं होने से सेक्स वर्कर बन रहीं महिलाएं

ईरान में महिलाओं के लिए जॉब के अवसर बहुत कम हैं। और जेंडर इक्वालिटी ना होने की वजह से ज्यादातर महिलाएं गरीबी रेखा से नीचे हैं। इसकी वजह से उन्हें पैसे के लिए सेक्स वर्कर का काम करना पड़ रहा है। हालांकि इस काम में बहुत ज्यादा रिस्क है।

यूनिवर्सिटी स्टूडेंट भी सेक्स वर्कर

तेहरान की एक यूनिवर्सिटी की छात्रा महनाज भी पार्ट-टाइम सेक्स वर्कर का काम करती है। उसने कहा- पुरुष जानते हैं कि ईरान में सेक्स वर्क गैर-कानूनी है और इसके लिए महिलाओं को कड़ी सजा मिल सकती है। इसलिए पुरुष अपने फायदे के लिए इसका इस्तेमाल करते हैं। महनाज ने कहा- संबंध बनाने के बाद कई लोग पैसे नहीं देते हैं। मेरे साथ भी ऐसा कई बार हो चुका है। लेकिन मैं किसी अधिकारी से इसकी शिकायत नहीं कर सकती। महनाज ने कहा कि तेहरान में जीवन यापन बहुत महंगा है. और वो जो काम करती हैं उससे उनका खर्च नहीं चल पाता है।

जवाज-अल-मुत्ता या प्लेजर मैरिज का विकल्प

साल 1979 में ईरान में इस्लामिक क्रांति हुई थी। नई सरकार आई. इसके बाद सेक्स वर्करों पर कार्रवाई होने लगी और वेश्यालयों को बंद करवा दिया गया। हालांकि महिला सेक्स वर्कर के वैध इस्तेमाल के लिए जवाज-अल-मुत्ता या ‘प्लेजर मैरिज’ का कांसेप्ट लाया गया। ये एक तरह का कॉन्ट्रैक्ट होता है। जिसमें महिलाओं को एक तय समय के लिए और तय कीमत पर अस्थाई वाइफ बना दिया जाता है।

हालांकि, अब ईरान में ऐसी अनगिनत ऑनलाइन सर्विस शुरू चुकी हैं जो मुत्ता मैरिज करवाती है. इसमें टेलिग्राम और व्हाट्सएप भी शामिल है। ऐसे ग्रुप दावा करते हैं कि इस सर्विस के लिए उनके पास सरकारी इजाजत है।

पुरुष भी मजबूरी में बन रहे सेक्स वर्कर

वहीं दूसरी तरफ 20 से 35 साल के पुरुषों की संख्या भी ईरान में बढ़ी है। जिसकी वजह से मेल सेक्स वर्कर की भी संख्या बढ़ती जा रही है। जो कि महिलाओं के साथ संबंध बनाने के पैसे लेते हैं।

28 वर्षीय काम्यार भी इनमें से एक है। वो सुपरमार्केट में कैशियर का काम करते हैं। उन्हें उम्मीद में है कि एक दिन वो विदेश में जाकर बस जाएंगे और वैध तरीके से कमाई करेंगे।

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