समाचार

सलाम कीजिए इस ई-रिक्शा वाले को, समझदारी न दिखाता तो दो मासूमों को जिंदगी भर मांगनी पड़ती भीख

देश के बड़े शहरों खासकर दिल्ली, मुंबई जैसे मेट्रो शहरों में बच्चो की तस्करी का काला धंधा बढ़ता जा रहा है। बदमाश छोटे-छोटे बच्चों को बहला-फुसला कर उन्हें किडनैप कर लेते हैं। ऐसा ही एक वाकया दिल्ली में सामने आया जहां दो मासूम बच्चियों को किडनैप करने की तैयारी थी लेकिन ई-रिक्शावाले की सतर्कता और समझदारी से दोनों बच्चियों किडनैपर के चंगुल से छूटकर वापस अपने माता-पिता के पास पहुंच गईं। क्या है पूरा मामला आपको आगे बताते हैं।

जब ई-रिक्शा चालक के कान हुए खड़े  

‘अंकल हमें खाना खिलाकर घर छोड़ देना…’ ई-रिक्शे में बैठते समय जब दो बच्चियों ने अपने साथ बैठे आदमी से कहा तो यह सुनकर ई-रिक्शा ड्राइवर ब्रह्मदत्त के कान खड़े हो गए। कुछ गड़बड़ी की आशंका हुई तो उसने बच्चियों से बहाने से पूछा कि क्या वो इस आदमी को जानती हैं। इसके जवाब में बच्चियों ने ना कहा। यह जवाब सुनते ही ड्राइवर समझ गया कि मामला गड़बड़ है और उसका दिमाग उन्हें बचाने के लिए चलने लगा।

4 साल और 7 साल की बच्चियों को ले जा रहा था

मामला विवेक विहार स्थित बालाजी मंदिर के पास का है। यहां एक शख्स 7 और 4 साल की दो बच्चियों के साथ ई-रिक्शा में बैठा। उसे करीब डेढ़ किलोमीटर दूर चिंतामणि चौक पर उसे उतरना था। इस दौरान ई-रिक्शा वाले को शख्स की गतिविधियां कुछ संदिग्ध लगीं। जब उसने बच्चियों के मुंह से खाना खिलाकर घर छोड़ने वाली बात सुनी तो ड्राइवर ने शख्स से दोनों बच्चियों के बारे में पूछताछ की।

वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। उसके बाद ई-रिक्शा वाले ने चिंतामणि चौक पर खड़े ट्रैफिक स्टाफ के पास ले जाकर ई-रिक्शा रोक दिया। विस्तार से सारी बात उन्हें बताई। ट्रैफिक स्टाफ ने सख्ती से पूछताछ की तो आरोपी ने बताया कि वह लड़कियों को किडनैप करके ले जा रहा था। इनसे वह अपने लिए भीख मंगवाने का काम करवाना चाहता था।

ट्रैफिक पुलिस ने आरोपी को पकड़ा

डीसीपी (शाहदरा) आर. सत्यसुंदरम ने बताया कि आरोपी की पहचान बिहार के छपरा जिले के रहने वाले संजय (40) के तौर पर हुई है। घटना 4 मार्च सुबह 10:30 बजे का है। ई-रिक्शा चलाने वाले ब्रह्म दत्त (20) ने पुलिस को बताया कि आरोपी ने विवेक विहार स्थित बालाजी मंदिर के बाहर से दोनों बच्चियों को उनके ई-रिक्शा में बिठाया।

चिंतामणि चौक पर उसने उतरने की बात कही। शक होने पर उन्होंने आरोपी से बच्चियों के बारे में पूछताछ की तो इधर-उधर की बातें करने लगा। इसलिए उन्होंने ट्रैफिक स्टाफ को देख उनके आगे ई-रिक्शा रोक दिया।

ई-रिक्शा चालक को मिलेगा इनाम

पुलिस ने दोनों बच्चियों को उनके माता-पिता को सौंप दिया है, जो एक निर्माणाधीन बिल्डिंग में मजदूरी का काम कर रहे हैं। पुलिस ने इस मामले में किडनैपिंग का मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। डीसीपी ने कहा कि ई-रिक्शा ड्राइवर ने साहस और दिमाग से काम लेकर एक मिसाल कायम की है। अपराध पर अंकुश लगाने में जनता आंख और कान बनकर पुलिस की इस तरह से मदद कर सकती है। पुलिस की तरफ से ई-रिक्शा ड्राइवर ब्रह्म दत्त को उचित इनाम दिया जाएगा।

Back to top button