गैंगरेप पर बोले बीजेपी सांसद ‘आज इंसान होना गाली लगता है’

जम्मू कश्मीर के कठुआ इलाके में आठ साल बच्ची के साथ पहले रेप फिर उसके मर्डर ने पूरे देश को झकझोंर के रख दिया है। जी हां, इन दिनों देश में दो रेप केस ऐसे हैं, जिसने पूरे देश को झकझोंर के रख दिया है। कठुआ और उन्नाव रेप केस को लेकर देश भऱ में हाहाकार मचा है, लेकिन इंसाफ की आंच भी कहीं से नहीं दिखाई दे रही है, ऐसे में सवाल उठता है कि क्या आजादी के इतने सालों बाद भी देश में बेटियां औऱ बहू सुरक्षित नहीं है, क्या  सिर्फ महिला सुरक्षा के नाम पर सरकार वोट लेना ही जानती है, क्या न्याय के नाम पर सिर्फ दिलासा ही दिलाया जाएगा? ऐसे में गाजियाबाद  के सांसद वीके सिंह ने कठुआ रेप को लेकर एक दर्दनाक बात कही है। आइय़े जानते हैं कि हमारे इस रिपोर्ट में क्या खास है?

आठ साल की बच्ची से पहले रेप उसके बाद मर्डर को लेकर वीके सिंह ने भावुकता भरा पोस्ट लिखा है। जी हां, वीके सिंह ने कहा कि आज मानवता खत्म हो चुका है। इंसान औऱ जानवर में किसी  भी तरह का  कोई फर्क नहीं रह गया है। ऐसे में उन्होंने अपनी बात को जोर देते हुए कहा  कि क्या आज इंसान और जानवर में कोई फर्क नहीं रह गया है? आठ साल की बच्ची जो दुनिया को देखना चाहती थी, उसको न सिर्फ तार तार किया गया बल्कि उससे जीने का हक भी छीन लिया गया। ऐसे में वीके सिंह ने कि आज वाकई मानवता खत्म हो चुकी है।

वीके सिंह ने कहा कि जानवर औऱ इंसान में थोड़ा सा तो फर्क होना चाहिए, लेकिन आज इंसान से ज्यादा जानवर अच्छे हो गये हैं, ये इंसानियत के नाम पर कंलक है। इस तरह की घटनाएं समाज को पूरी तरह से तोड़ के रख देती है। आपसी दुश्मनी के लिए किसी मासूम का इस्तेमाल करना और फिर उससे जिंदगी छीन लेना, ये माफी के काबिल नहीं है। ऐसे में इनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि फिर से कोई दरिंदा किसी मासूम को अपना शिकार न बना पाए।

अपराधियों को बचाने वाले भी अपराधी होते हैं। जी हां, वीके सिंह ने आगे कहा कि जो लोग धर्म के आड़ में अपराधियों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं, वो किसी अपराधी से कम नहीं है, ऐसे लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए, क्योंकि इतने जघन्य अपराध पर भी इनका दिल नहीं पसीजा जो अपराधियों को शरण देने की कोशिश कर रहे हैं। वीके सिंह ने आगे कहा कि आज इस घटना ने देश को भावुक होने के लिए मजबूर कर दिया है, ऐसा कोई नहीं होगा, जिसका दिल इस घटना से पसीजा नहीं होगा।