जानें दुनिया के सबसे अद्भुत और समझदार कुत्ते के बारे में, जो चलाता है ट्रैक्टर

इस दुनिया में आश्चर्यों की कमी नहीं है। यहाँ आपको कई ऐसे नज़ारे देखने को मिलेंगे जिन्हें देखने के बाद आपको बहुत ज्यादा हैरानी होगी। कई बार तो कुछ नजारों को देखने के बाद खुद की आँखों पर यकीन ही नहीं होता है कि ऐसा भी कुछ हो सकता है। आज हम आपको जिस घटना के बारे में बताने जा रहे हैं यक़ीनन उसके बारे में जानने के बाद आप यही कहेंगे कि यह दुनिया का आठवां आश्चर्य है। जी हाँ थोडा सब्र रखिये सब पता चल जायेगा।

सबसे पहले इंसानों ने कुत्ते को बनाया अपना पालतू:

आप यह तो जानते ही होंगे कि आदिकाल से इंसानों का सबसे अच्छा और वफादार दोस्त कुत्ता ही रहा है। जब इंसानों की उत्पत्ति हुई, उस समय वह बहुत अकेला था। उसके बाद उन्होंने शिकार में मदद करने के लिए कुत्ते को अपना पालतू बनाया। आज कुत्ता एक पालतू जानवर की तरह ना रहकर एक बहुत अच्छे दोस्त के रूप में आ गया है। कुछ लोग तो कुत्तों को अपने बच्चों से भी ज्यादा प्यार देते हैं। आज हम आपको जिस घटना के बारे में बताने जा रहे हैं, वह भी एक ऐसे ही कुत्ते से जुड़ी हुई है।

रैम्बों बना हुआ है पूरी दुनिया के लिए चर्चा का विषय:

दरअसल इंसान का सबसे वफादार साथी कुत्ता दिमाग के मामले में सभी जानवरों से तेज होता है। कई बार तो कुत्तों की समझ देखकर हैरानी होने लगती है। इसका जीता-जागता उदहारण हाल ही में देखने को मिला है। जी हाँ यह अद्भुत कुत्ता इंसानों की तरह ही ट्रैक्टर चलाता है। भले ही आपको यह सुनकर यकीन ना हुआ हो, लेकिन यह बिलकुल सच है। उत्तरी आयरलैंड के रहने वाले अलबर्ट रीड का कुत्ता रैम्बों इस समय पूरी दुनिया के लिए चर्चा का विषय बना हुआ है। रैम्बों के बारे में कहा जा रहा है कि इसके जैसा इंटेलिजेंस कुत्ता आजतक किसी ने नहीं देखा होगा।

ट्रैक्टर चलाने के लिए बच्चे की तरह दी है ट्रेनिंग:

आपको बता दें इस समय रैम्बों की उम्र 6 साल है। रैम्बों के मालिक अलबर्ट ने बताया कि जब भी वह खेतों में काम करते हैं तो उन्हें अकेलापन बिलकुल भी महसूस नहीं होता है। उनका कुत्ता जो बहुत वफादार और मेहनती है, वह हर समय उनकी मदद करता है। खेतों की जुताई से लेकर कटाई तक सभी काम करता है। अलबर्ट ने कहा कि जब भी रैम्बो ट्रैक्टर चलाता है तो उसे देखकर किसी को यकीन नहीं होता है। रैम्बों को ट्रैक्टर चलाने के लिए अलबर्ट ने बच्चों की तरह खूब ट्रेनिंग दी है।

बचपन में ही पता चल गया था कुत्ते की इंटेलिजेंस का:

जब अलबर्ट इशारा करता है तो वह ट्रैक्टर की स्टेयरिंग को दायें से बाएं मोड़ देता है।अलबर्ट ने अपने मास्टर ट्रैक्टर में रैम्बों के लिए एक ख़ास सीट भी लगवाई है। इसी सीट पर बैठकर वह ट्रैक्टर चलाता है। खेती-किसानी का काम करने से पहले अलबर्ट एक ट्रक ड्राईवर थे। अलबर्ट ने बताया कि जब यह छोटा पपी था तभी इसके इंटेलिजेंस के बारे में पता चल गया था। यह बहुत ज्यादा इंटेलिजेंट था, इसी के बाद से मैंने इसको ट्रेनिंग देनी शुरू कर दी थी। अलबर्ट के इस इंटेलिजेंस कुत्ते को देखने के लिए दूर-दूर से आते हैं। जो भी रैम्बों को ट्रैक्टर चलाता देखता है, बस देखता ही रह जाता है।